Humsafar Varun & Alia Bhatt Hindi Akhil Sachdeva | "Badrinath Ki Dulhania'' - Siddharth Slathia Lyrics


Singer Siddharth Slathia
Singer AKHIL SACHDEVA | MANSHEEL GUJRAL
Music Siddharth Slathia (Original - Akhil Sachdeva)
Songs
Writer

 Akhil Sachdeva
सुनि मात्र हमसफ़र

क्या तुझ इतनी सी बोली

सुनि मात्र हमसफ़र

क्या तुझ इतनी सी बोली

की तेरी सांसेन चलति जिधर

रहुंगा आधार वाहिन उमर भर

रहुंगा आधार वाहिन उमर भर, हये

जितनी हसीन तू मुल्कातिन है

अनस भई पियारी तेरी बेटिन है

बाटन मे तेरी जो खो जात है

आउँ ना होश में मुख्य कभि

बाहों में है तेरी जिंदगी, हैय

सुनि मात्र हमसफ़र

क्या तुझ इतनी सी बोली

ज़ालिमा तेरे इश्क़ मुख्य है

हो गया आ कमल है

मुख्य तोह यूं खाड़ा

किस सोख मे पडा था

कैस जी उठे मुख्य दीवाना

छुप के सेके धुन

दिल मेरा सामा की धुन

छेद दै कैसै तू फसाणा

ओ… मुसकुराना बोली तुझी से साशा है

दिल लगने का तू है तड़का है

ऐतबार भई तुझी से होत है

आउँ ना होश में मुख्य कभि

बाहों में है तेरी जिंदगी है

ह न न थ

के तुझ मन लुंगा खुदा

की तेरी गलियों में है क़दर क़दर

आउंगा अब हर पीर

सुनि मात्र हमसफ़र

क्या तुझ इतनी सी बोली

की तेरी सांसेन चलति जिधर

रहुंगा आधार वाहिन उमर भर

रहुंगा आधार वाहिन उमर भर